उन्नाव में तीन बच्चियों के साथ हुई वीभस्त घटना की भारतीय किसान मंच ने निंदा की

उन्नाव।
उन्नाव के थाना असोहा के अंतर्गत बबुरहा गांव में बच्चियों के साथ हुई वीभत्स घटना के संबंध में भारतीय किसान मंच (महिला प्रकोष्ठ) की राष्ट्रीय अध्यक्ष पारुल भार्गव ने घटना को अत्यंत हृदयविदारक एवं निंदनीय बताते हुए कहा कि बबुरहा गांव में दो बच्चियों के शव व 1 बच्ची गंभीर रूप से घायल मिली है। तीनों बच्चियों के पैर बंधे हुए थे यह किसी बड़ी घटना का संकेत है। ऐसी घटनाएं प्रदेश सरकार की छवि धूमिल करने वाली हैं और प्रदेश के कानूनी तंत्र पर सवाल खड़ा करती है।

वहीं उन्नाव की इस घटना पर भारतीय किसान मंच के राष्ट्रीय अध्यक्ष देवेंद्र तिवारी ने अपनी प्रतिक्रिया देते हुए उन्होंने कहा कि उन्नाव की धरती पर यह कोई पहली ऐसी घटना नहीं है, यहां आए दिन हत्या, बलात्कार व जिंदा बच्चियों को आग लगा देने जैसे संगीन अपराध होते रहे हैं। उन्होंने उत्तर प्रदेश की योगी सरकार पर निसाना साधते हुए कहा कि उत्तर प्रदेश में लचर कानून व्यवस्था के चलते आज अपराधी बेलगाम हो गए हैं। आज उत्तर प्रदेश अपराधों की आंच से जल रहा है। यह सरकार की नाकामी है कि उत्तर प्रदेश में अपराध का ग्राफ आज अन्य सभी राज्यों से कहीं ज्यादा है।

साथ ही उन्होंने कहा कि आज गरीब मजदूर/किसान सताए जा रहे हैं। उनके बच्चे आज सुरक्षित नहीं है। उनके बच्चों के साथ ऐसे दर्दनाक घटनाएं होने के बाद भी उन्हें थानों के चक्कर काटने पड़ते हैं, उनकी एफआईआर नहीं लिखी जाती। उत्तर प्रदेश की आम जनता के साथ इतना दुर्व्यवहार/अत्याचार हो रहा है, प्रदेश के लिए इससे बड़ा कुशासन और क्या हो सकता है?

पूरा मामला-
उत्तर प्रदेश के उन्नाव जिले में असोहा थाना क्षेत्र के बबुरहा गांव में दोपहर से लापता बुआ-भतीजी के शव खेत में मिले। चचेरी बहन बगल में छटपटाती मिली। सभी के गले दुपट्टे से कसे मिले। एक का पिता तीनों को उठाकर घर लाया और फिर सीएचसी ले गया बुआ-भतीजी को मृत घोषित कर चचेरी बहन को जिला अस्पताल रेफर कर दिया गया।

एसपी व एएसपी ने फील्ड यूनिट की मदद से घटनास्थल का निरीक्षण कर परिजनों से जानकारी ली है। दुपट्टे से गला कसा होने और मुंह से झाग निकलने से परिजन हत्या की आशंका जता रहे हैं।सूरजपाल की 16 वर्षीय बेटी काजल बुधवार दोपहर तीन बजे चचेरे भाई संतोष रावत की बेटी 12 वर्षीय कोमल (भतीजी) व चचेरी बहन रोशनी (14) पुत्री सूरजबली के साथ घास लेने खेत के लिए निकली थी। शाम छह बजे तक तीनों के घर न लौटने पर परिजनों ने खोजबीन शुरू की। करीब शाम 7:30 बजे सूरजपाल खोजबीन करते हुए घर से एक किलोमीटर की दूरी पर बबुरहा-जगदीशपुर मार्ग से सौ मीटर अंदर चचेरे भाई संतोष के सरसों के खेत में पहुंचा। तभी खेत के अंदर उसकी नजर काजल, कोमल व रोशनी पर पड़ी। तीनों अगल-बगल पड़ी कराह रही थी। सभी के गले उन्हीं के दुपट्टे से कसे थे और हाथ पीछे की ओर बंधे थे। मुंह से झाग निकल रहा था। यह देख सूरजपाल के होश उड़ गए। वह भागकर गांव पहुंचा और परिवार को जानकारी देकर निजी वाहन से तीनों को लेकर सीएचसी पहुंचा। वहां डॉक्टर ने काजल व कोमल को मृत घोषित कर दिया। रोशनी को जिला अस्पताल रेफर कर दिया।

एसडीएम राजेश कुमार चौरसिया, एसपी आनंद कुलकर्णी, एएसपी वीके पांडेय, सीओ रमेश चंद्र प्रलयंकर छह थानों की पुलिस के साथ मौके पर पहुंचे और घटनास्थल की जांच की। सुराग तलाशने के लिए खोजी कुत्ते को बुलाया गया। स्वॉट टीम भी घटनास्थल पर पहुंची। देर रात डीएम रवींद्र कुमार, एडीएम राकेश कुमार, सिटी मजिस्ट्रेट चंदन पटेल व प्रभारी सीएमओ तन्मय कक्कड़ जिला अस्पताल पहुंचे। रोशनी के भाई विशाल से घटना की जानकारी ली।

Related Articles

Back to top button
btnimage