भाजपा के प्रति लोगों का भरोसा बढ़ा: डॉ दिनेश शर्मा

लखनऊ (27 नवंबर,2020)।
उप मुख्यमंत्री डॉ दिनेश शर्मा ने गाजियाबाद में कहा कि भाजपा सरकार ने शिक्षकों व स्नातकों के कल्याण के लिए ठोस कदम उठाए हैं। स्नातकों के लिए रोजगार की व्यवस्था सरकार के एजेन्डे में सबसे ऊपर है। शिक्षकों की समस्याओं के निराकरण के लिए ठोस व्यवस्था की गई है। शिक्षक स्नातक क्षेत्र चुनाव के लिए विद्यालय प्रबन्धकों व प्रधानाचार्यों की बैठक में उन्होंने कहा कि बिहार यूपी सहित जिन भी प्रदेशों मेें हाल में चुनाव हुए हैं वहां पर भाजपा ने जीत का परचम लहराया है। इसका मुख्य कारण लोगों के मन में प्रधानमंत्री मोदी और मुख्यमंत्री योगी के प्रति विश्वास का होना है। लोग चाहते हैं कि भाजपा को चुनाव में विजय मिले जिससे कि वह जनता से किए गए वादों को पूरा कर सकें।
भाजपा भी इस बात के लिए कृत संकल्पित है कि जनता के भरोसे को टूटने नही देना है। यही कारण है जिसके चलते भाजपा ने यूपी के उपचुनाव में 7 में से 6 सीटों पर विजय हासिल की है। इसके साथ ही 15 साल तक शासन करने के बाद भी जनता ने बिहार में एक बार फिर से पार्टी को सहयोगियों के साथ मिलकर सेवा करने का अवसर दिया है। इससे साफ है कि भाजपा के प्रति लोगों का भरोसा बढा है। डॉ शर्मा ने कहा कि ऐसे समय में प्रदेश में शिक्षक स्नातक क्षेत्र के एमएलसी का चुनाव होने जा रहा है। लोगों के मन में भरोसा है कि इस चुनाव में भी भाजपा की जीत होगी। इसके बावजूद यह सुनिश्चित किया जाना चाहिए कि प्रत्येक वोटर तक पहुंचा जाए। प्रचार के सभी माध्यमों का प्रयोग कर हर वोटर तक अपनी बात को पहुंचाया जाना चाहिए।
सरकार के प्रति जो आशाा जगी है सरकार उसे पूरा करने के लिए प्रतिबद्ध है। यहां से जीतने वाले पार्टी के प्रत्याशियों के द्वारा किए गए एक-एक वादों को पूरा करने में कोई कसर नहीं रखी जाएगी। उन्होंने कहा कि सरकार ने युवाओं के लिए रोजगार के अवसर उपलब्ध कराने के लिए 25 व 10 लाख के लोन दिलाने की व्यवस्था करने के साथ ही नई औद्योगिक नीति को लागू किया है। यूपी में पहली बार एक ऐसी इनवेस्टर मीट हुई जिसमें 4 लाख करोड से अधिक के निवेश के प्रस्ताव आए है। यह निवेश युवाओं के लिए तरक्की के द्वारा खोलेगा। उन्हें रोजगार के नए-नए अवसर उपलब्ध कराएगा। बुन्देलखण्ड में डिफेन्स काॅरीडोर नए प्रकार के निवेश के साथ ही करीब ढाई लाख से अधिक युवाओं को रोजगार दिलाएगा। उन्होंने कहा कि सरकार ने शिक्षकों के हित में तमाम काम किए हैं। उनकी परेशानियों के निराकण की पुख्ता व्यवस्था की है।
भाजपा सरकार के आने के पूर्व हाल यह था कि शिक्षक को सेवानिवृत्ति के बाद अपने अवशेषों के भुगतान के लिए काफी परेशान होना पड़ता था पर भाजपा की योगी सरकार ने सेवानिवृत्ति के दिन ही भुगतान की व्यवस्था तय कर दी है। अब तबादलों के लिए भी शिक्षकों को इधर-उधर जाने की जरूरत नहीं है। ऑनलाइन तबादलों की व्यवस्था लागू कर दी गई है। परीक्षा कार्यों से सम्बन्धित भुगतान की भी व्यवस्था सुधारी गई है। अब तत्काल भुगतान की व्यवस्था की गई है। डाॅ शर्मा ने कहा कि वित्त विहीन शिक्षकों को मतदाता नही बनने देने व चुनाव लड़ने से वंचित करने की साजिश की गई पर भाजपा सरकार ने उसे सफल नहीं होने दिया। आज वे मतदाता भी बने हैं तथा चुनाव भी लड़ सकते हैं। सरकार ने माध्यमिक, वित्तविहीन, राजकीय व अनुदानित हर क्षेत्र के शिक्षकों के कल्याण के लिए ठोस कदम उठाए हैं।स्नातकों के लिए रोजगार की व्यवस्था सरकार के एजेन्डे में सबसे ऊपर है। इसके लिए युवा मंगल दल को 25 करोड रुपए, चन्द्रशेखर आजाद ग्रामीण सचिवालय को 30 करोड़ रुपए देने की व्यवस्था की जिससे कि स्नातक को रोजगार मिल सके।
सरकार ने 10,766 सहायक अध्यापकों की भती के लिए परीक्षा कराई है। शिक्षकों की भर्ती की पारदर्शी व्यवस्था की है जिससे किसी को शिकायत का अवसर नहीं मिले। शिक्षकों को बिना किसी परेशानी के नियुक्ति मिल जाए यह भी कार्य किया है।अभी सुप्रीम कोर्ट का निर्णय आया है और जल्द ही शिक्षकों की शेष नियुक्ति भी की जाएंगी। भाजपा सरकार ने हर क्षेत्र में कार्य किया है। उच्च शिक्षा के क्षेत्र में तदर्थ शिक्षकों को विनियमित करने का काम हुआ है। करीब 1000 ऐसे शिक्षकों को विनियमित किया गया है। उन्होंने कहा कि पूर्व में अन्य दलों के लोग जो शिक्षक स्नातक क्षेत्र से चुने गए उन्होंने शिक्षाकों व स्नातकों की समस्याओं को ठीक से नहीं उठाया। इसका खामियाजा शिक्षकों व स्नातकों को उठाना पड़ा ।








