प्रधानमंत्री ने वाराणसी जंक्शन से केवडिया एक्सप्रेस सहित 08 ट्रेनों हरी झंडी दिखाकर रवाना किया

वाराणसी।
#भारतीय_रेल की गौरवशाली उपलब्धियों की श्रृंखला में एक और अध्याय को जोड़ते हुए 17 जनवरी को विशेष गाड़ी (#वाराणसी-केवडिया) के संचालन का वर्चुअल शुभारंभ #प्रधानमंत्री द्वारा किया गया। वर्चुअल शुभारंभ में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने भी हरी झंडी दिखाकर विशेष गाड़ी 09130 (वाराणसी-केवडिया) का वाराणसी कैंट स्टेशन से शुभारंभ किया।

भारत की आध्यात्मिक नगरी वाराणसी को #गुजरात प्रांत में स्थित भारत के लौह पुरुष सरदार बल्लभभाई पटेल के स्टेचू ऑफ़ यूनिटी से जोड़ने वाली यह विशेष गाड़ी पर्यटन के दृष्टिकोण से रेल यात्रियों के मध्य एक विशेष आकर्षण का केंद्र है। उत्तर रेलवे,लखनऊ मंडल के वाराणसी कैंट स्टेशन से संचालित होने वाली यह विशेष गाड़ी अत्याधुनिक सुविधाओं एवम् नवीनतम तकनीक से सुसज्जित है एवम् इस विशेष गाड़ी का संचालन अपने यात्रियों को अधिकतम सुविधाएं प्रदान करते हुए किया जायेगा।

इस गाड़ी के शुभारम्भ के अवसर पर कैंट स्टेशन पर पधारे गणमान्य एवं विशिष्ट अतिथियों का मंडल रेल प्रबंधक संजय त्रिपाठी द्वारा पौधा भेंट कर स्वागत किया गया। तदोपरांत माननीय प्रधानमंत्री द्वारा हरी झंडी दिखाकर इस विशेष गाड़ी को प्रस्थान संकेत देकर रवाना किया गया। जिसका उपस्थित अतिथियों एवं जनसमूह द्वारा करतल ध्वनि से स्वागत किया गया।
इस सुअवसर पर कैंट स्टेशन पर गणमान्य अतिथियों सहित रेलवे अधिकारी, मीडियाकर्मी, रेल- कर्मचारी एवम् जनसमूह उपस्थित था एवम् COVID-19 के समस्त निर्देशों के आधार पर समस्त व्यवस्थाओं को संचालित किया गया। इसके अतिरिक्त इस अवसर पर मंडल के स्काउट एवं गाइड के सदस्यों द्वारा लेविल क्रासिंग पर आधारित एक नुक्कड़ नाटक की प्रस्तुति भी की गई।

मंडल रेल प्रबंधक संजय त्रिपाठी ने इस विषय में अवगत कराया कि यह विशेष गाड़ी भारत के चार राज्यों से गुजरते हुए अपने गंतव्य तक पहुँचेगी एवं वाराणसी में विश्वभर से आने वाले पर्यटकों को स्टेचू ऑफ यूनिटी तक पहुँचाने हेतु विशेष आकर्षित करेगी। उन्होंने इस गाड़ी की प्रमुख विशेषताओं एवं यात्री सुविधाओं का उल्लेख करते हुए बताया की मंडल पूर्ण प्रतिबद्धता के साथ अपने राष्ट्र एवं सम्मानित रेल यात्रियों की सेवा हेतु कृतसंकल्पित है।
वर्चुअल शुभारंभ में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ, ख्य सचिव आर0के0 तिवारी, सूचना नवनीत सहगल और अन्य अधिकारी मौजूद रहे।








