UPCM ने कहा श्रद्धेय अटल जी ने देश में सुशासन की आधारशिला रखी थी

उत्तर प्रदेश (21 दिसम्बर, 2018)।
UPCM ने 25 दिसम्बर, 2018 को पूर्व प्रधानमंत्री स्व. अटल बिहारी वाजपेयी की जयन्ती को सुशासन दिवस के रूप में आयोजित किए जाने के लिए अधिकारियों को सभी आवश्यक व्यवस्थाएं समय से सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि श्रद्धेय अटल जी ने देश में सुशासन की आधारशिला रखी थी। इसलिए स्व. अटल बिहारी वाजपेयी जी के सम्मान में उनकी जयन्ती पूरे देश में सुशासन दिवस के रूप में मनायी जाती है।
UPCM ने कहा कि इस अवसर पर आयोजित होने वाले कार्यक्रमों के माध्यम से अधिक से अधिक पात्र जरूरतमंदों को सरकार की जनकल्याणकारी एवं लाभार्थीपरक योजनाओं से लाभान्वित किया जाए। उन्होंने 25 दिसम्बर, 2018 को प्रदेश के सभी विकास खण्डों में सुशासन दिवस पर वृद्धावस्था, निराश्रित विधवा और दिव्यांग पेंशन के सम्बन्ध में विशेष शिविर आयोजित करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि ब्लाॅक स्तरीय इन विशेष शिविरों के माध्यम से राशन कार्ड वितरण तथा आयुष्मान भारत योजना के लिए चयनित लाभार्थियों के कार्डों का वितरण भी किया जाए।
सुशासन दिवस पर 25 दिसम्बर, 2018 को प्रत्येक प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र, सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र और जिला चिकित्सालय में राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के शिविर आयोजित किए जाएं। 24 दिसम्बर को विद्यालयों में स्व. अटल बिहारी वाजपेयी जी के व्यक्तित्व एवं कृतित्व पर विशेष कार्यक्रम आयोजित किए जाएं। मुख्यमंत्री जी ने कहा कि सुशासन दिवस पर 25 दिसम्बर को पूर्वान्ह 09ः30 बजे मुख्य कार्यक्रम लखनऊ में आयोजित किया जाएगा।
यह जानकारी देते हुए राज्य सरकार के प्रवक्ता ने बताया कि दिनांक 25 दिसम्बर, 2018 को लखनऊ में अटल बिहारी वाजपेयी साइंटिफिक कन्वेंशन सेण्टर में महानाटक ‘राष्ट्र पुरुष अटल’ का मंचन होगा। प्रयास बहुउद्देशीय सांस्कृतिक संस्था, नागपुर की यह प्रस्तुति अटल के जीवन की महत्वपूर्ण घटनाओं पर केन्द्रित है। इसमें लगभग 250 कलाकारों की भागीदारी होगी। लखनऊ में पहली बार लगभग 250 कलाकारों द्वारा नाट्य प्रस्तुति की जाएगी।
26 दिसम्बर, 2018 को अटल बिहारी वाजपेयी साइंटिफिक कन्वेंशन सेण्टर में राष्ट्रीय कवि सम्मेलन आयोजित किया जाएगा। इसके अलावा, संस्कृति विभाग द्वारा उच्च शिक्षा विभाग और माध्यमिक शिक्षा विभाग के सहयोग से 24 व 25 दिसम्बर को प्रदेश के सभी माध्यमिक विद्यालयों एवं विश्वविद्यालयों में भाषण, वाद-विवाद प्रतियोगिताओं और कविता पाठ का आयोजन किया जाएगा। राज्य ललित कला अकादमी में चित्रकार शिविर एवं प्रदर्शनी संगीत नाटक अकादमी द्वारा तीन दिवसीय कार्यक्रम में पद्मविभूषण सोनल मान सिंह की प्रस्तुति और भारतेन्दु नाट्य अकादमी द्वारा नाट्य प्रस्तुति की जाएंगी।








