मोहान रोड योजनाः अवैध निर्माण/प्लाटिंग पर कर्मचारी-अभियंताओं पर विभागीय कार्यवाही

लखनऊ विकास प्राधिकरण के उपाध्यक्ष डाॅ0 इन्द्रमणि त्रिपाठी ने कमेटी की रिपोर्ट पर की कार्यवाही
मार्च 2022 से लेकर वर्तमान में तैनात जोनल अधिकारी, सहायक अभियंता और अमीन को कारण बताओ नोटिस जारी
अवैध निर्माण/प्लाटिंग करने वाले लोगों के खिलाफ दर्ज करायी जाएगी एफआईआर, 18 अप्रैल से चलाया जाएगा ध्वस्तीकरण अभियान
लखनऊ।
लखनऊ विकास प्राधिकरण के उपाध्यक्ष डाॅ0 इन्द्रमणि त्रिपाठी ने मोहान रोड योजना व आसपास के क्षेत्र में हो रहे अवैध निर्माण/प्लाटिंग के लिए जिम्मेदार सात कर्मचारियों व छह अवर अभियंताओं के खिलाफ विभागीय कार्यवाही के आदेश दिये हैं।
इसके अतिरिक्त मार्च 2022 से लेकर वर्तमान में क्षेत्र में तैनात जोनल अधिकारी, सहायक अभियंता व अमीन को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है। उपाध्यक्ष ने यह कार्यवाही जांच कमेटी द्वारा सर्वे करके दी गयी रिपोर्ट के आधार पर की है।
लखनऊ विकास प्राधिकरण के उपाध्यक्ष डाॅ0 इन्द्रमणि त्रिपाठी ने बीते 12 अप्रैल को मोहान रोड योजना व आसपास के क्षेत्र का सर्वे करने के लिए अपर सचिव ज्ञानेन्द्र वर्मा की अध्यक्षता में चार सदस्यीय कमेटी गठित की थी। इस कमेटी को अवैध प्लाटिंग/निर्माण को चिन्हित करने तथा इसके लिए जिम्मेदार अधिकारी व अभियंताओं की भूमिका की जांच करने का जिम्मा सौंपा गया था। कमेटी द्वारा तीन दिन तक क्षेत्र का सर्वे करने के बाद शनिवार को जांच रिपोर्ट प्रस्तुत की गयी।
उपाध्यक्ष डाॅ0 इन्द्रमणि त्रिपाठी ने इस जांच रिपोर्ट पर त्वरित कार्यवाही करते हुए मार्च 2022 से लेकर वर्तमान में तैनात सात सुपरवाइजर/मेट व छह अवर अभियंताओं के खिलाफ विभागीय कार्यवाही के आदेश दिये हैं। वहीं, इस दौरान तैनात रहे चार जोनल अधिकारी, दो सहायक अभियंता व एक अमीन को शो-काॅज नोटिस जारी किया गया है।
जिला प्रशासन से मांगी जाएगी सूची
उपाध्यक्ष डाॅ0 इन्द्रमणि त्रिपाठी ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि मोहान रोड योजना व आसपास के क्षेत्र में जो भी गांव आते हैं। उनमें बीते दो वर्षों के अंदर राजस्व संहिता की धारा-80 के तहत घोषित की गयी अकृषक भूमि की सूची प्राप्त करने के लिए जिला प्रशासन को पत्र प्रेषित किया जाए। जिला प्रशासन द्वारा जो भी सूची दी जाती है, उसके आधार पर अकृषक भूमि का सर्वे करा लिया जाए तथा अवैध निर्माण मिलने पर नियमानुसार कार्यवाही प्रचलित की जाए।
18 अप्रैल से चलेगा ध्वस्तीकरण अभियान
कमेटी द्वारा अभी तक किये गये सर्वे में कुल 13 अवैध कालोनियां चिन्हित की गयी हैं। इनमें से पांच कालोनियां के खिलाफ ध्वस्तीकरण आदेश जारी हैं। वहीं, आठ कालोनियों के खिलाफ कमेटी द्वारा दी गयी रिपोर्ट के आधार पर कार्यवाही प्रारम्भ की गयी है। कमेटी द्वारा अपनी रिपोर्ट में उल्लेखित किया गया कि यह सभी अवैध निर्माण/प्लाटिंग मार्च 2022 से लेकर वर्तमान समय तक हुए हैं। उपाध्यक्ष डाॅ0 इन्द्रमणि त्रिपाठी ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि जो भी अवैध निर्माण चिन्हित किये गये हैं, उनके ध्वस्तीकरण के लिए 18 अप्रैल से विशेष अभियान चलाया जाए। इसके अलावा अवैध निर्माण/प्लाटिंग करने वाले लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज करवायी जाए।
इनके खिलाफ एफआईआर के आदेश
अपर सचिव ज्ञानेन्द्र वर्मा ने बताया कि अभी तक की गयी जांच में राजबहादुर रस्तोगी, बचन सिंह यादव, नितिन द्विवेदी, अवधेष राठौर, प्रहलाद, मोहम्मद नदीम, कमलेश कुमार, इरशाद हुसैन, अमर, रूद्रांश सिटी, कृष्ण विहार आवासीय एवं वेलफेयर सोसाइटी, शैलेन्द्र कुमार, मुकेश यादव, प्रमोद कुमार, चांद कुरैशी द्वारा अवैध प्लाटिंग किये जाने की बात सामने आयी है। उपाध्यक्ष द्वारा दिये गये आदेशों के क्रम में इन सभी के खिलाफ एफआईआर दर्ज करायी जाएगी।








