UPCM ने लिया एक्शन, दो जनपदों के DM पर गिरी गाज….DM निलंबित

उत्तर प्रदेश (गोंडा/फतेहपुर)।
UPCM ने जनपद गोंडा में सरकारी खाद्यान्न वितरण में अनियमितताएं पाये जाने, वरिष्ठ स्तर पर अप्रभावी और अत्यधिक शिथिल नियंत्रण को गम्भीरता से लेते हुए जिलाधिकारी गोंडा जे.बी. सिंह, प्रभारी जिलापूर्ति अधिकारी राजीव कुमार और जिला खाद्य विपणन अधिकारी अजय विक्रम सिंह को तत्काल प्रभाव से निलम्बित करने और सम्पूर्ण मामले में प्रथम सूचना रिपोर्ट दर्ज कराने के निर्देश दिये हैं।

UPCM ने कहा कि अमूमन कनिष्ठ अधिकारियों को दण्डित कर दिया जाता है, लेकिन वरिष्ठ स्तर पर जवाबदेही तय नहीं की जाती है। यदि वरिष्ठ स्तर पर प्रभावी अनुश्रवण व कार्रवाई की जाती तो कदाचित इस प्रकार की स्थिति उत्पन्न न होती। प्रकरण में कार्रवाई की प्रभावी मिसाल स्थापित करते हुए वरिष्ठ स्तर पर जिम्मेदारी निर्धारित करने का फैसला लिया गया है।

ज्ञातव्य है कि इस प्रकरण में 9162 बोरियों में राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम का खाद्यान्न कालाबाजारी के उद्देश्य से गोदाम में संग्रहीत पाया गया, जिसमें जिला प्रशासन तथा आपूर्ति एवं विपणन शाखा के केन्द्र, तहसील, जनपद व मण्डल स्तर के अधिकारियों एवं कर्मचारियों द्वारा निर्देशों की अवहेलना और पदीय दायित्वों का ठीक से निर्वहन न करने का स्पष्ट प्रमाण परिलक्षित हुआ।

प्रकरण संज्ञान में आने पर स्थानीय व राज्य मुख्यालय स्तर से जांच करायी गयी थी। इस प्रकरण में भारत सिंह केन्द्र विपणन निरीक्षक, झांझरी एवं महेश प्रसाद पूर्ति निरीक्षक तहसील तरबगंज को पूर्व में निलम्बित किया जा चुका था। इसके अलावा, सम्भागीय खाद्य नियंत्रक देवीपाटन राजेश कुमार, के.के. सिंह, सम्भागीय खाद्य विपणन अधिकारी देवीपाटन और सत्येन्द्र कुमार सिंह उपायुक्त खाद्य के विरुद्ध अनुशासनिक कार्रवाई प्रस्तावित की गयी।

वहीँ दूसरी ओर UPCM ने जनपद फतेहपुर में गेहूं खरीद में अनियमितताएं पाये जाने पर गंभीर रूख अख्तियार करते हुये जिला अधिकारी फतेहपुर कुमार प्रशांत को तत्काल प्रभाव से निलम्बित करने के निर्देश दिये हैं। UPCM ने कहा है कि वरिष्ठ स्तर पर जिम्मेदारी निर्धारित करना आवश्यक है जिससे की सरकार के महत्वपूर्ण कार्यो को ससमय सुनिश्चित करके पारदर्शिता लायी जा सके।

यह जानकारी देते हुये सरकारी प्रवक्ता ने बताया कि 31 मई, 2018 को विशेष सचिव खाद्य, अपर आयुक्त खाद्य द्वारा गेहूं क्रय केन्द्रों पर जांच की गई थी। जांच में पाया गया कि 13 मई के बाद से लेकर अब तक लगभग 18 दिनों में कोई भी खरीद न किये जाने का कोई औचित्य नहीं दर्शाया गया है साथ ही किसानों को टोकन वितरण न करने व गेहूं खरीद को प्रभावित करने में खाद्य आयुक्त द्वारा 06 जून 2018 को प्रकरण में दोषी पाये अधिकारी व कर्मचारी के विरूद्ध कार्यवाही की गई है। क्रय केन्द्र प्रभारी बिसौली मण्डी नरेन्द्र कुुमार को निलम्बित कर फतेहपुर के जिला प्रबन्धक PCF मोहम्मद रफीक अंसारी को भी निलम्बित किया। इसी प्रकार फतेहपुर मंण्डी के UP AGRO संस्था के क्रय प्रभारी प्रेम नारायण को भी निलम्बित किया गया। जिला प्रबन्धक UP AGRO गुलाब सिंह को निलम्बित करने की संस्तुति की गई है। विपणन शाखा के क्रय केन्द्रों में दोषी पाये गये विपणन निरीक्षक शक्ति जायसवाल को निलम्बित किया गया। जिला खाद्य विपणन अधिकारी घनश्याम के खिलाफ निलम्बन की कार्यवाही की गई है। साथ ही सम्पूर्ण प्रकरण में FIR भी दर्ज करने का निर्देश दिया गया है।

Related Articles

Back to top button
btnimage