UPCM मंत्रिमंडल के समाज कल्याण मंत्री ने कहा श्रद्धांजलि तब अर्पित होगी जब एक-एक व्यक्ति कमल के फूल का बटन दबाएगा

बलरामपुर।
UPCM मंत्रिमंडल के समाज कल्याण मंत्री रमापति शास्त्री बलरामपुर में कार्यकर्ता सम्मेलन में गोवा के मुख्यमंत्री मनोहर पारिकर की मौत को वोट के नाम पर भुनाने में लगे रहे। भाजपा के मंत्री
श्रद्धांजलि सभा के नाम पर खानापूर्ति कर निकल लिए। उत्तर प्रदेश सरकार के समाज कल्याण मंत्री जी ने दो मिनट का मौन धारण करना भी गंवारा नहीं समझा।
बलरामपुर में भारतीय जनता पार्टी द्वारा आयोजित अनुसूचित मोर्चा का कार्यकर्ता सम्मेलन गोवा के मुख्यमंत्री मनोहर पारिकर के निधन के बाद कहने को तो श्रद्धांजलि सभा के रूप में परिवर्तित हो गया, परन्तु इस सम्मेलन में गोवा के मुख्यमंत्री के निधन का शोक कम देश व प्रदेश सरकार की उपलब्धियों का बखान ज्यादा किया गया।
सम्मेलन के वक्ताओं ने अपने सम्बोधन में दिवंगत मुख्यमंत्री मनोहर पारिकर के निधन पर कार्यकर्ता सम्मेलन के शोक सभा में बदलने का उल्लेख तो किया, लेकिन उनके नाम पर अपनी राजनीतिक रोटी सेंकने से भी गुरेज नहीं किया। इस सम्मेलन में उत्तर प्रदेश सरकार के समाज कल्याण मंत्री रमापति शास्त्री ने सम्मेलन के समापन के बाद दिवंगत मुख्यमंत्री मनोहर पारिकर को श्रद्धा सुमन तो अर्पित कर दिए, लेकिन उनकी आत्मा के शांति के लिए दो मिनट का मौन धारण करना उचित नहीं समझा।
पत्रकारों द्वारा सवाल पूछने पर उन्होंने कहा कि गोवा के मुख्यमंत्री मनोहर पारिकर को सच्ची श्रद्धांजलि तब अर्पित होगी जब एक-एक व्यक्ति कमल के फूल का बटन दबाएगा।
अब ऐसे में सवाल यह उठता है कि गोवा के 4 बार मुख्यमंत्री और केन्द्र सरकार में रक्षा मंत्री रहे स्वर्गीय मनोहर पारिकर के निधन पर भी वोटों की राजनीति करना कहां तक सही है। इस
सम्मेलन में जहां एक ओर मंत्री और सांसद केन्द्र व प्रदेश सरकार की उपलब्धियों का बखान कर रहे थे वहीं मंच के बिल्कुल बगल में अपनी समस्याओं के समाधान के लिए धरने पर बैठे भारतीय किसान यूनियन भानु गुट के किसानों पर किसी की भी नजर नहीं पड़ी। सम्मेलन की समाप्ति के बाद मंत्री जी किसानों के सामने से ही निकले लेकिन उन्होंने उनकी समस्या को सुनना गंवारा नहीं समझा।
मंत्री जी के कार्यक्रम में शर्मनाक माहौल-
कार्यकर्ता सम्मेलन अनुसूचित मोर्चा के समापन के बाद कार्यकर्ता लंच पैकेट के लिए उठा पटक करते नजर आए।








