UPCM योगी ने चित्रकूट में कानून व्यवस्था और विकास कार्यों की समीक्षा बैठक की

चित्रकूट (13 सितम्बर, 2019)। UPCM योगी आदित्यनाथ ने चित्रकूट के कलेक्ट्रेट सभाकक्ष सोनेपुर में जनपद के विकास कार्यो एवं कानून व्यवस्था की समीक्षा की। उन्होंने विश्व प्रसिद्ध धार्मिक व पर्यटन स्थल चित्रकूट को प्लास्टिक मुक्त और गन्दगीमुक्त कराने के लिए अभियान चलाए जाने के निर्देश दिए। तीर्थयात्रियों की सुविधा के लिए चित्रकूट के लिए पर्यटन पुलिस का गठन कराया जाएगा। उन्होंने कहा कि पुलिस का जनता के साथ अच्छा व्यवहार होना चाहिए। मुख्यमंत्री ने जनपद की कानून व्यवस्था की समीक्षा करते हुए कहा कि अपराधियों और माफियाओं के खिलाफ कठोर से कठोर कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। कानून व्यवस्था के सम्बन्ध में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने कहा कि तेंदू पत्ता तथा खनन में जो माफिया अभी भी कार्य कर रहे हैं, उन्हें चिन्हित कर उनके विरुद्ध कठोर कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। मुख्यमंत्री ने महिला उत्पीड़न के प्रकरणों में प्रभावी पैरवी कर अपराधियों को शीघ्र दण्डित किए जाने के निर्देश दिए। इसी प्रकार नाबालिग बालिकाओं के साथ होने वाले अपराधों के प्रकरणों में समय से कठोर कार्रवाई की जाए। उन्होंने कहा कि प्रत्येक थाना क्षेत्र में टाॅप टेन अपराधियों की सूची बनायी जाए और उनके खिलाफ प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। उन्होंने चित्रकूट मण्डल को दस्युओं से मुक्त कराने के लिए विशेष अभियान चलाए जाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि इस सम्बन्ध में शासन द्वारा पुलिस को पूर्ण सहयोग प्रदान किया जाएगा। प्रभावी पेट्रोलिंग की व्यवस्था की जाए, जिससे अपराधियों के मन में भय पैदा हो और जन सामान्य में सुरक्षा का विश्वास उत्पन्न हो।मुख्यमंत्री ने जनपद के विकास कार्यों की समीक्षा करते हुए कहा कि मऊ व बरगढ़ पेयजल योजनाओं का अभी तक जन सामान्य को समुचित लाभ प्राप्त नहीं हो पा रहा है। इसके लिए दोषियों को चिन्हित कर उनके खिलाफ कार्रवाई की जाए। उन्होंने नोडल अधिकारियों को विकास कार्यों का सत्यापन करने के निर्देश दिए, जिससे कार्यों की गुणवत्ता सुनिश्चित हो सके। मुख्यमंत्री ने कहा कि लाभार्थियों को जिस योजना के लिए शासन से धनराशि प्रदान की जाती है, उसी योजना में उस धनराशि का सदुपयोग सुनिश्चित कराया जाए। बेसिक शिक्षा विभाग की योजनाओं की समीक्षा करते हुए उन्होंने समय से स्कूल बैग की आपूर्ति न होने पर सम्बन्धित फर्म के खिलाफ एफ.आई.आर. दर्ज कराने और फर्म को कार्य देने वाले अधिकारी के खिलाफ भी कार्रवाई करने के निर्देश दिए। मुख्यमंत्री ने स्वास्थ्य विभाग की योजनाओं की समीक्षा करते हुए सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्रों तथा प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्रों पर चिकित्सकों की समय से उपस्थिति सुनिश्चित किए जाने के निर्देश दिए। उन्होंने लक्ष्य के सापेक्ष कम गोल्डन कार्ड बनाए जाने पर नाराजगी व्यक्त की और मुख्य चिकित्साधिकारी को इस सम्बन्ध में अभियान चलाकर अपेक्षित प्रगति सुनिश्चित किए जाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि जनपद में मातृ मृत्यु दर और शिशु मृत्यु दर में कमी लाने के लिए कार्य योजना बनाकर कार्यवाही की जाए।
मुख्यमंत्री ने कहा कि चित्रकूट में मन्दिरों तथा घाटों के आस-पास स्वच्छता के लिए जागरूकता अभियान चलाया जाए तथा घाटों पर महिलाओं के लिए चेंजिंग रूम बनाए जाएं। इसके साथ ही यहां मंदिरों में जो फूल चढ़ाये जाते हैं, उनका उपयोग अगरबत्ती बनाने में किया जाए। उन्होंने कहा कि सभी पात्र गरीब व्यक्तियों को राशन कार्ड उपलब्ध कराए जाएं और मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना में लाभार्थियों को जो उपहार दिए जाएं, उनकी गुणवत्ता सुनिश्चित की जाए। मुख्यमंत्री ने जिलाधिकारी को जनपद में संचालित सभी पाइप पेयजल योजनाओं का स्थलीय सत्यापन करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि जिन योजनाओं का निर्माण सही ढंग से नहीं किया गया है, उनसे सम्बन्धित अधिकारियों को चिन्हित कर उनके खिलाफ कार्रवाई की जाए। उन्होंने जाति प्रमाण-पत्र, निवास प्रमाण-पत्र और आय प्रमाण-पत्र समय से जारी करने के निर्देश दिए। इसमें किसी भी प्रकार की शिथिलता स्वीकार नहीं की जाएगी। उन्होंने अधिकारियों को विद्युत आपूर्ति में सुधार और पेयजल योजनाओं के लिए गुणवत्तापरक विद्युत आपूर्ति सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। मुख्यमंत्री ने कहा कि चित्रकूट एक विश्व प्रसिद्ध धार्मिक स्थल है यहां पर यातायात की व्यवस्था सुव्यवस्थित करायी जाए, जिससे जाम की स्थिति न उत्पन्न हो। इसके साथ ही यातायात नियमों का पालन भी सुनिश्चित कराया जाए, ताकि वाहन दुर्घटनाओं में कमी लायी जा सके। उन्होंने स्वच्छ भारत मिशन के अन्तर्गत 30 सितम्बर, 2019 तक सभी पात्र लाभार्थियों को शौचालय की सुविधा उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। मुख्यमंत्री ने कहा कि चित्रकूट में पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए यहां अच्छे होटल, गेस्ट हाउस और धर्मशालाओं का निर्माण कराया जाए। उन्होंने समीक्षा बैठक में सहायक सम्भागीय परिवहन अधिकारी के उपस्थित न होने पर स्पष्टीकरण मांगने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि जनप्रतिनिधि एवं अधिकारी कायाकल्प योजना के अन्तर्गत विद्यालयों को गोद लें और ऐसे विद्यालयों में शिक्षा की गुणवत्ता बढ़ाने के लिए प्रभावी प्रयास किए जाएं। उन्होंने कहा कि ऐसे विद्यालय जहां अध्यापक कम हैं, वहां सेवानिवृत्त शिक्षकों की निःशुल्क सेवाएं प्राप्त की जाएं। मुख्यमंत्री ने जिलाधिकारी को जनपद में अन्ना प्रथा को रोकने के लिए प्रभावी रूप से अभियान चलाए जाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि गोवंश सड़कों और खेतों पर नहीं दिखना चाहिए। उन्होंने अधिकारियों को समय-समय पर फील्ड विजिट करने के निर्देश दिए। आयुक्त चित्रकूटधाम मण्डल शरद कुमार सिंह ने मुख्यमंत्री का स्वागत करते हुए कहा कि उनके निर्देशों का अक्षरशः अनुपालन सुनिश्चित कराया जाएगा। अपर पुलिस महानिदेशक सुमित कुमार पाण्डेय ने बताया कि जनपद चित्रकूट में दस्युओं द्वारा ठेकेदारों से की जाने वाली वसूली को प्रभावी रूप से रोका गया है। इस मण्डल के सभी थाना क्षेत्रों के 10-10 व्यक्तियों को ऑनलाइन पुलिस से जोड़ा जाएगा। पुलिस अधीक्षक मनोज कुमार झा ने कानून व्यवस्था के सम्बन्ध में जानकारी देते हुए बताया कि जनपद में अपराधों में कमी आयी है तथा आपराधिक प्रवृत्ति के लोगों के विरुद्ध निरोधात्मक कार्रवाई की जा रही है। उन्होंने बताया कि डकैतों के खिलाफ लगातार काॅम्बिंग अभियान चलाया जा रहा है। साथ ही, पुलिस द्वारा ‘पाठा की पाठशाला अभियान’ भी चलाया गया है, जिसके तहत डकैतों से प्रभावित क्षेत्रों के बच्चों को स्कूल भेजा गया है। जिलाधिकारी चित्रकूट शेषमणि पाण्डेय ने मुख्यमंत्री को जनपद के विकास कार्यों की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि जनपद में ‘मेरी छत, मेरा पानी’ अभियान संचालित किया गया है, जिसके अच्छे परिणाम प्राप्त हुए हैं। जिलाधिकारी ने बैठक के अन्त में मुख्यमंत्री का आभार व्यक्त किया। इसके पूर्व, मुख्यमंत्री ने लोक निर्माण विभाग के निरीक्षण गृह में ‘मेरी छत, मेरा पानी’ अभियान के अन्तर्गत निर्मित रूफटाॅप रेन वाॅटर हार्वेस्टिंग कार्य का लोकार्पण किया। इस अवसर पर जल शक्ति मंत्री डाॅ. महेन्द्र सिंह, नागरिक उड्डयन मंत्री नन्द गोपाल गुप्ता ‘नन्दी’, लोक निर्माण राज्यमंत्री चन्द्रिका प्रसाद उपाध्याय सहित अन्य जनप्रतिनिधिगण और शासन-प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।

मुख्यमंत्री ने जनपद के विकास कार्यों की समीक्षा करते हुए कहा कि मऊ व बरगढ़ पेयजल योजनाओं का अभी तक जन सामान्य को समुचित लाभ प्राप्त नहीं हो पा रहा है। इसके लिए दोषियों को चिन्हित कर उनके खिलाफ कार्रवाई की जाए। उन्होंने नोडल अधिकारियों को विकास कार्यों का सत्यापन करने के निर्देश दिए, जिससे कार्यों की गुणवत्ता सुनिश्चित हो सके।
मुख्यमंत्री ने कहा कि लाभार्थियों को जिस योजना के लिए शासन से धनराशि प्रदान की जाती है, उसी योजना में उस धनराशि का सदुपयोग सुनिश्चित कराया जाए। बेसिक शिक्षा विभाग की योजनाओं की समीक्षा करते हुए उन्होंने समय से स्कूल बैग की आपूर्ति न होने पर सम्बन्धित फर्म के खिलाफ एफ.आई.आर. दर्ज कराने और फर्म को कार्य देने वाले अधिकारी के खिलाफ भी कार्रवाई करने के निर्देश दिए।
मुख्यमंत्री ने स्वास्थ्य विभाग की योजनाओं की समीक्षा करते हुए सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्रों तथा प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्रों पर चिकित्सकों की समय से उपस्थिति सुनिश्चित किए जाने के निर्देश दिए। उन्होंने लक्ष्य के सापेक्ष कम गोल्डन कार्ड बनाए जाने पर नाराजगी व्यक्त की और मुख्य चिकित्साधिकारी को इस सम्बन्ध में अभियान चलाकर अपेक्षित प्रगति सुनिश्चित किए जाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि जनपद में मातृ मृत्यु दर और शिशु मृत्यु दर में कमी लाने के लिए कार्य योजना बनाकर कार्यवाही की जाए।
मुख्यमंत्री ने कहा कि चित्रकूट में मन्दिरों तथा घाटों के आस-पास स्वच्छता के लिए जागरूकता अभियान चलाया जाए तथा घाटों पर महिलाओं के लिए चेंजिंग रूम बनाए जाएं। इसके साथ ही यहां मंदिरों में जो फूल चढ़ाये जाते हैं, उनका उपयोग अगरबत्ती बनाने में किया जाए। उन्होंने कहा कि सभी पात्र गरीब व्यक्तियों को राशन कार्ड उपलब्ध कराए जाएं और मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना में लाभार्थियों को जो उपहार दिए जाएं, उनकी गुणवत्ता सुनिश्चित की जाए।
मुख्यमंत्री ने जिलाधिकारी को जनपद में संचालित सभी पाइप पेयजल योजनाओं का स्थलीय सत्यापन करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि जिन योजनाओं का निर्माण सही ढंग से नहीं किया गया है, उनसे सम्बन्धित अधिकारियों को चिन्हित कर उनके खिलाफ कार्रवाई की जाए। उन्होंने जाति प्रमाण-पत्र, निवास प्रमाण-पत्र और आय प्रमाण-पत्र समय से जारी करने के निर्देश दिए। इसमें किसी भी प्रकार की शिथिलता स्वीकार नहीं की जाएगी। उन्होंने अधिकारियों को विद्युत आपूर्ति में सुधार और पेयजल योजनाओं के लिए गुणवत्तापरक विद्युत आपूर्ति सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
मुख्यमंत्री ने कहा कि चित्रकूट एक विश्व प्रसिद्ध धार्मिक स्थल है यहां पर यातायात की व्यवस्था सुव्यवस्थित करायी जाए, जिससे जाम की स्थिति न उत्पन्न हो। इसके साथ ही यातायात नियमों का पालन भी सुनिश्चित कराया जाए, ताकि वाहन दुर्घटनाओं में कमी लायी जा सके। उन्होंने स्वच्छ भारत मिशन के अन्तर्गत 30 सितम्बर, 2019 तक सभी पात्र लाभार्थियों को शौचालय की सुविधा उपलब्ध कराने के निर्देश दिए।
मुख्यमंत्री ने कहा कि चित्रकूट में पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए यहां अच्छे होटल, गेस्ट हाउस और धर्मशालाओं का निर्माण कराया जाए। उन्होंने समीक्षा बैठक में सहायक सम्भागीय परिवहन अधिकारी के उपस्थित न होने पर स्पष्टीकरण मांगने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि जनप्रतिनिधि एवं अधिकारी कायाकल्प योजना के अन्तर्गत विद्यालयों को गोद लें और ऐसे विद्यालयों में शिक्षा की गुणवत्ता बढ़ाने के लिए प्रभावी प्रयास किए जाएं। उन्होंने कहा कि ऐसे विद्यालय जहां अध्यापक कम हैं, वहां सेवानिवृत्त शिक्षकों की निःशुल्क सेवाएं प्राप्त की जाएं।
मुख्यमंत्री ने जिलाधिकारी को जनपद में अन्ना प्रथा को रोकने के लिए प्रभावी रूप से अभियान चलाए जाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि गोवंश सड़कों और खेतों पर नहीं दिखना चाहिए। उन्होंने अधिकारियों को समय-समय पर फील्ड विजिट करने के निर्देश दिए।
आयुक्त चित्रकूटधाम मण्डल शरद कुमार सिंह ने मुख्यमंत्री का स्वागत करते हुए कहा कि उनके निर्देशों का अक्षरशः अनुपालन सुनिश्चित कराया जाएगा।
अपर पुलिस महानिदेशक सुमित कुमार पाण्डेय ने बताया कि जनपद चित्रकूट में दस्युओं द्वारा ठेकेदारों से की जाने वाली वसूली को प्रभावी रूप से रोका गया है। इस मण्डल के सभी थाना क्षेत्रों के 10-10 व्यक्तियों को ऑनलाइन पुलिस से जोड़ा जाएगा।
पुलिस अधीक्षक मनोज कुमार झा ने कानून व्यवस्था के सम्बन्ध में जानकारी देते हुए बताया कि जनपद में अपराधों में कमी आयी है तथा आपराधिक प्रवृत्ति के लोगों के विरुद्ध निरोधात्मक कार्रवाई की जा रही है। उन्होंने बताया कि डकैतों के खिलाफ लगातार काॅम्बिंग अभियान चलाया जा रहा है। साथ ही, पुलिस द्वारा ‘पाठा की पाठशाला अभियान’ भी चलाया गया है, जिसके तहत डकैतों से प्रभावित क्षेत्रों के बच्चों को स्कूल भेजा गया है।
जिलाधिकारी चित्रकूट शेषमणि पाण्डेय ने मुख्यमंत्री को जनपद के विकास कार्यों की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि जनपद में ‘मेरी छत, मेरा पानी’ अभियान संचालित किया गया है, जिसके अच्छे परिणाम प्राप्त हुए हैं। जिलाधिकारी ने बैठक के अन्त में मुख्यमंत्री का आभार व्यक्त किया।
इसके पूर्व, मुख्यमंत्री ने लोक निर्माण विभाग के निरीक्षण गृह में ‘मेरी छत, मेरा पानी’ अभियान के अन्तर्गत निर्मित रूफटाॅप रेन वाॅटर हार्वेस्टिंग कार्य का लोकार्पण किया।
इस अवसर पर जल शक्ति मंत्री डाॅ. महेन्द्र सिंह, नागरिक उड्डयन मंत्री नन्द गोपाल गुप्ता ‘नन्दी’, लोक निर्माण राज्यमंत्री चन्द्रिका प्रसाद उपाध्याय सहित अन्य जनप्रतिनिधिगण और शासन-प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।








