एलडीए : सीतापुर रोड पर नैमिष नगर विकसित करने के लिए किसानों के बीच जाएंगे अफसर-कर्मी
लखनऊ विकास प्राधिकरण की टीम ने बी0के0टी0 तहसील में राजस्व अधिकारियों व कर्मचारियों के साथ की बैठक

योजना का साइट ऑफिस निर्मित करने के लिए चिन्हित की जाएगी जमीन, भूमि जुटाव के लिए किसानों को किया जाएगा जागरूक
लखनऊ विकास प्राधिकरण ने सीतापुर रोड पर नैमिष नगर विकसित करने की दिशा में काम शुरू कर दिया है। एलडीए की टीम ने शनिवार को बी0के0टी0 तहसील में सम्पूर्ण समाधान दिवस के बाद राजस्व अधिकारियों व कर्मचारियों के साथ एक महत्वपूर्ण बैठक की। जिसमें योजना के लिए भूमि जुटाने के सम्बंध में किसानों के बीच जाकर उन्हें जागरूक करने की कार्ययोजना तैयार की गयी।

लखनऊ विकास प्राधिकरण की तरफ से बैठक की अध्यक्षता संयुक्त सचिव सुशील प्रताप सिंह ने की, जिसमें उप जिलाधिकारी-बी0के0टी0 सतीश त्रिपाठी, तहसीलदार, कानूनगो व लेखपाल समेत अन्य राजस्व कर्मी उपस्थित रहे। संयुक्त सचिव ने बताया कि बी0के0टी0 में सीतापुर, रैथा रोड पर लगभग 2504 एकड़ क्षेत्रफल में नैमिष नगर विकसित किया जाएगा। जिसके लिए बी0के0टी0 तहसील के ग्राम-भौली, लक्ष्मीपुर, पूरब गांव, पुरवा, सैरपुर, फरूखाबाद, कोड़री भौली, कमलाबाद, कमलापुर, पलहरी, गोपरामऊ, बारूमऊ, धतिंगरा व सैदापुर की भूमि चिन्हित की गयी है। इस योजना में 02 लाख से अधिक लोगों को आवासीय सुविधा मिलेगी। साथ ही शहर के उद्योग, स्वास्थ्य, शिक्षा व लॉजिस्टिक क्षेत्र में अभूतपूर्व विकास होगा। इन योजनाओं से राजधानी में बड़ा निवेश आएगा और बड़ी संख्या में रोजगार के अवसर सृजित होंगे।
उन्होंने बताया कि मुख्यमंत्री शहरी विस्तारीकरण योजना के अंतर्गत नैमिष नगर के प्रस्ताव को अंतिम रूप दिया जा रहा है। योजना को सफलतापूर्वक धरातल पर उतारने के लिए किसानों के साथ सीधा संवाद स्थापित करना बेहद जरूरी है। इसके लिए प्राधिकरण की टीम के साथ राजस्व कर्मियों को भी फील्ड में जाकर किसानों को जागरूक करना होगा। किसानों को भूमि जुटाव के विकल्पों व इससे होने वाले नियोजित विकास के फायदों की जानकारी देनी होगी। संयुक्त सचिव ने बताया कि किसानों को भूमि का मुआवजा डी0एम0 सर्किल रेट की बढ़ी हुयी दरों के तहत दिया जाएगा, जोकि ग्रामीण क्षेत्र में सर्किल रेट का चार गुना व शहरी क्षेत्र में दोगुना होगा। इसके अलावा किसानों से आपसी सहमति व लैंड पूलिंग नीति के आधार पर भी भूमि जुटाव का विकल्प रहेगा।
वर्तमान में इस पूरे क्षेत्र में कोई बड़ी नियोजित आवासीय योजना नहीं है। नैमिष नगर विकसित होने से किसानों व उनके परिवारों को सीधा लाभ होगा। प्राधिकरण द्वारा योजना के साथ ही उसमें आ रहे गांवों में भी विकास कार्य कराया जाएगा। जिसमें गांव के संपर्क मार्ग, जल निकासी, खेल मैदान, बारात घर, स्वास्थ्य केन्द्र, तालाब, कब्रिस्तान, स्कूल, पार्क व श्मशान आदि को सुदृढ़ किया जाएगा। संयुक्त सचिव ने बताया कि योजना के लिए साइट ऑफिस बनाया जाना है। जिसके लिए राजस्व टीम की मदद से जल्द ही स्थान चिन्हित करके साइट ऑफिस का निर्माण शुरू कराया जाएगा। बैठक में एलडीए की जोनल अधिकारी संगीता राघव, तहसीलदार-अर्जन हेमचंद्र तिवारी व नायब तहसीलदार ज्ञानेन्द्र शुक्ला समेत अन्य लोग उपस्थित रहे।








