एलडीए: काकोरी में अवैध रूप से विकसित की जा रही वेलकेम सिटी पर चला बुलडोजर

लखनऊ विकास प्राधिकरण के उपाध्यक्ष डॉ0 इन्द्रमणि त्रिपाठी द्वारा शहर में अवैध निर्माण/प्लाटिंग के खिलाफ प्रभावी कार्यवाही किये जाने के निर्देशों के क्रम में गुरूवार को प्रवर्तन जोन-3 की टीम ने अभियान चलाकर कार्यवाही की। इस दौरान काकोरी में अवैध प्लाटिंग कर विकसित की जा रही वेलकेम सिटी के ध्वस्तीकरण की कार्यवाही की गयी। वहीं, जानकीपुरम क्षेत्र में अवैध तरीके से किये जा रहे तीन व्यवसायिक निर्माणों को सील किया गया।

प्रवर्तन जोन-3 के जोनल अधिकारी देवांश त्रिवेदी ने बताया कि मुकेश यादव व अन्य द्वारा काकोरी के मौदा में टी0एस0 मिश्रा कॉलेज से पहले लगभग 08 बीघा क्षेत्रफल में अवैध रूप से प्लाटिंग का कार्य करते हुए वेलकम सिटी नाम से कालोनी विकसित की जा रही थी। प्राधिकरण से ले-आउट स्वीकृत कराये बिना की जा रही इस अवैध प्लाटिंग के विरूद्ध विहित न्यायालय द्वारा वाद योजित करते हुए ध्वस्तीकरण के आदेश पारित किये गये थे।
उक्त आदेश के अनुपालन में आज सहायक अभियंता वाई0पी0 सिंह के नेतृत्व में अवर अभियंता भरत पाण्डेय, भानु प्रताप वर्मा व प्रमोद कुमार पाण्डेय द्वारा प्राधिकरण पुलिस व स्थानीय थाने के पुलिस बल के सहयोग से अवैध प्लाटिंग के ध्वस्तीकरण की कार्यवाही करायी गयी। इस दौरान स्थल पर विकसित कच्ची सड़कें, नाली व बाउन्ड्रीवॉल आदि को पूरी तरह ध्वस्त कर दिया गया।
जानकीपुरम में तीन अवैध निर्माण सील किये गये
प्रवर्तन जोन-5 की जोनल अधिकारी श्रद्धा चौधरी ने बताया कि अतुल पाण्डेय व अन्य द्वारा जानकीपुरम के सेक्टर-6 में आयुष विहार कालोनी में लगभग 300 वर्गमीटर क्षेत्रफल में सेटबैक को प्रभावित करते हुए भूतल तथा प्रथम तल आदि का निर्माण कराया जा रहा है।
वहीं, अजीत मौर्या व अन्य द्वारा सेक्टर-6 में जे0पी0 होम्यो फार्मेसी कॉलेज के सामने स्वागतम लॉन के बगल में लगभग 200 वर्गमीटर क्षेत्रफल में बेसमेंट व प्रथम तल आदि का निर्माण कराया जा रहा है। इसके अलावा निर्भय सिंह व अन्य द्वारा जानकीपुरम के सेक्टर-एफ में भूखण्ड संख्या-बी-2/131 पर लगभग 288 वर्गमीटर क्षेत्रफल में बेसमेंट समेत दो मंजिला भवन का निर्माण कराया जा रहा था।
अवैध रूप से किये जा रहे इन व्यवसायिक निर्माणों के विरूद्ध विहित न्यायालय द्वारा वाद योजित करते हुए सीलिंग के आदेश पारित किये गये थे। उक्त आदेशों के अनुपालन में आज सहायक अभियंता एन0एन0 चौबे के नेतृत्व में अवर अभियंता राजीव कुमार श्रीवास्तव, सुभाष शर्मा व संजय मिश्रा द्वारा प्राधिकरण पुलिस व स्थानीय थाने के पुलिस बल के सहयोग से तीनों अवैध निर्माण को सील कर दिया गया।








