एलडीएः जनता अदालत में आये 45 प्रकरणों में से 22 का मौके पर हुआ निस्तारण

लखनऊ विकास प्राधिकरण के उपाध्यक्ष डाॅ इन्द्रमणि त्रिपाठी व सचिव विवेक श्रीवास्तव ने जन सामान्य की समस्याओं को विस्तार पूर्वक सुना और अधिकारियों को कार्यवाही के निर्देश दिये
लखनऊ विकास प्राधिकरण में गुरूवार को जनता अदालत/प्राधिकरण दिवस का आयोजन किया गया। इस दौरान नामांतरण, फ्री-होल्ड, रजिस्ट्री व अवैध निर्माण आदि से सम्बंधित कुल 45 प्रार्थना पत्र प्राप्त हुए, जिनमें से 22 प्रकरणों का मौके पर ही निस्तारण कर दिया गया। वहीं, शेष प्रकरणों के निस्तारण के सम्बंध में प्राधिकरण के उपाध्यक्ष डाॅ0 इन्द्रमणि त्रिपाठी द्वारा समय-सीमा निर्धारित करते हुए अधिकारियों को कार्यवाही के लिए निर्देशित किया गया।

अपर सचिव ज्ञानेन्द्र वर्मा ने बताया कि जन सामान्य एवं आवंटियों की समस्याओं एवं उनके कार्यों को त्वरित गति से शीर्ष प्राथमिकता के आधार पर निष्पादित किये जाने के उद्देश्य से गुरूवार को प्राधिकरण भवन के कमेटी हाॅल में “प्राधिकरण दिवस/जनता अदालत“ का आयोजन किया गया। इस मौके पर प्राधिकरण के उपाध्यक्ष डाॅ0 इन्द्रमणि त्रिपाठी व सचिव विवेक श्रीवास्तव द्वारा जनता अदालत में उपस्थित होकर जन सामान्य की समस्याओं को विस्तारपूर्वक सुना गया।
जनता अदालत में पहुंचे महानगर निवासी कृष्ण प्रताप सिंह ने प्रार्थना पत्र दिया कि शंकरपुरवा प्रथम वार्ड के अंतर्गत जगरानी अस्पताल के पास कुछ लोगों ने अवैध रूप से होटल का निर्माण करवाया है। जिसके विरूद्ध विहित प्राधिकारी न्यायालय द्वारा वाद भी योजित किया गया है, लेकिन अभी तक स्थल पर कार्यवाही नहीं की गयी है। इस पर उपाध्यक्ष ने प्रवर्तन जोन-5 के जोनल अधिकारी राजकुमार को स्वयं स्थल का निरीक्षण करके 07 दिन में कार्यवाही सुनिश्चित कराने के निर्देश दिये। इस क्रम में पुराना हैदरगंज निवासी राम विलास श्रीवास्तव ने प्रार्थना पत्र दिया कि बिजनौर के ग्राम-मौदा में गाटा संख्या-152 पर कुछ लोगों द्वारा अवैध रूप से रो-हाउस भवनों का निर्माण कराते हुए अवैध कालोनी विकसित की जा रही है। जिसके विरूद्ध विहित प्राधिकारी न्यायालय द्वारा वाद भी योजित किया गया है। उक्त प्रकरण में उपाध्यक्ष ने प्रवर्तन जोन-3 के सहायक अभियंता से रिपोर्ट तलब करते हुए स्थल पर ध्वस्तीकरण की कार्यवाही कराने के निर्देश दिये।
वहीं, शारदा नगर विस्तार योजना में निर्मित प्रधानमंत्री आवास कालोनी से आये जय सिंह, राम शंकर पाण्डेय, शैलेश बाजपेई व मनोज कुमार आदि लोगों ने ठेकेदार पर कार्य में लापरवाही का आरोप लगाते हुए प्रार्थना पत्र दिया कि ब्लाॅक संख्या-18 की गैलरी व जीना में पुताई नहीं हुयी है। साथ ही साफ-सफाई, नाली-नालों को ढ़कने, पार्क में बेंच लगाने आदि कुछ कार्य अधूरे हैं। इस पर उपाध्यक्ष ने अभियंत्रण जोन-2 व प्रवर्तन जोन-2 के अधिकारियों को स्थल का संयुक्त सर्वे करके समस्या दूर कराने के निर्देश दिये। उपाध्यक्ष ने कहा कि जल्द ही वह स्वयं कालोनी का निरीक्षण करके समुचित कार्यवाही सुनिश्चित कराएंगे।
जनता अदालत में काफी संख्या में ऐसे लोग भी पहुंचे, जो खुद को अकबर नगर का अध्यासी बताकर प्रधानमंत्री आवास आवंटित किये जाने की मांग कर रहे थे। इनमें से कुछ लोगों के पास अकबर नगर का स्थानीय निवास प्रमाण पत्र भी नहीं था। इस पर उपाध्यक्ष डाॅ0 इन्द्रमणि त्रिपाठी ने लोगों को अवगत कराया कि मा0 सर्वोच्च न्यायालय व उच्च न्यायालय के आदेश के अनुपालन में अकबर नगर के 1679 अध्यासियों को पूर्व में ही प्रधानमंत्री आवास आवंटित कर दिये गये थे। इसके बाद भी दिनांक-16.06.2024 तक जिन लोगों ने आवास के लिए आवेदन किया है। उनके आवेदन का भी संज्ञान लिया गया है और डूडा से जांच कराते हुए पात्र लोगों को आवास आवंटित करने की कार्यवाही की जा रही है। इस क्रम में प्राधिकरण द्वारा अकबर नगर के 1900 से अधिक लोगों को आवास दिये गये हैं।








