सितम्बर में होगा नवनिर्वाचित ग्राम प्रधानों का विकास खण्ड स्तरीय एक दिवसीय प्रशिक्षण…

उत्तर प्रदेश पंचायती राज विभाग के माध्यम से पंचायत चुनाव उपरान्त प्रथम चरण में समस्त नवनिर्वाचित ग्राम प्रधानों का जुलाई माह में एक दिवसीय ऑनलाइन उन्मुखीकरण प्रशिक्षण का आयोजन किया गया। द्वितीय चरण में सितम्बर माह में समस्त नवनिर्वाचित ग्राम प्रधानों का विधायकगण की उपस्थिति में विकास खण्ड स्तरीय एक दिवसीय प्रशिक्षण का आयोजन कराया जाना प्रस्तावित है… निदेशालय स्तर से समस्त जनपदों हेतु मास्टर प्रशिक्षकों के 03 से 04 सदस्यीय टीम का गठन किया जायेगा जिनकी जिम्मेदारी आवंटित जनपद के प्रशिक्षण संचालन की होगी।
यह बातें निदेशक पंचायतीराज किंजल सिंह ने आयोजित प्रशिक्षण कार्यक्रम में कहीं। उन्होंने कहा कि पंचायत प्रशिक्षण निश्चित समयावधि में तथा गुणवत्तापरक तरीके से सम्पन्न हो इसके लिये आवश्यक है कि प्रशिक्षण के सत्रों का संचालन उत्तम प्रकार से किया जाये जिसके लिये निदेशालय स्तर पर मास्टर प्रशिक्षकों का 03 दिवसों दिनांक 26 से 28 अगस्त, 2021 के मध्य दक्षता आंकलन किया गया… आंकलन प्रक्रिया का प्रारम्भ राज कुमार अपर निदेशक, पंचायती राज के शुभवचनों से किया गया। कार्यक्रम के दौरान प्रवीणा चौधरी, संयुक्त निदेशक, प्रिट द्वारा प्रस्तुतीकरण के माध्यम से सहभागितापूर्ण प्रशिक्षण, व्यस्कों के सीखने के सिद्धांत, प्रशिक्षक के गुणों आदि पर संक्षिप्त परिचय दिया गया।
निदेशक ने कहा किआंकलन प्रक्रिया का कार्य मण्डलीय उपनिदेशक(पं0), लखनऊ, कानपुर, देवीपाटन, आज़मगढ़, बस्ती, गोरखपुर, प्रयागराज, मिर्जापुर, सहारनपुर की उपस्थिति में प्रारम्भ किया गया। प्रक्रिया में विभिन्न जनपदों से कुल 161 मास्टर प्रशिक्षकों द्वारा प्रतिभाग किया गया जिसमें एन.आई.आर.डी. से प्रमाणित प्रशिक्षक, एस.आई.आर.डी. तथा बी.एम.जी.एफ. के प्रशिक्षण शामिल थे। प्रक्रिया के दौरान मास्टर प्रशिक्षकों द्वारा स्वयं से चयनित विषय पर 10 मिनट का प्रस्तुतीकरण किया गया गया। प्रशिक्षण के दौरान 04 बिन्दुओं संचार कौशल, अशाब्दिक संचार, सरल भाषा का प्रयोग तथा समय का पालन पर आंकलन कर अंक दिये गये। प्राप्त अंको के आधार पर ही मास्टर प्रशिक्षकों का चुनाव करते हुए उन्हें जनपदवार प्रशिक्षण की जिम्मेदारी दी जायेगी।








