#CMYogi ने बलरामपुर से महिला सुरक्षा सम्मान एवं स्वावलम्बन योजना ‘मिशन शक्ति’ का शुभारम्भ किया

लखनऊ (17 अक्टूबर, 2020)।
उत्तर प्रदेश के अपर मुख्य सचिव सूचना नवनीत सहगल ने लोक भवन में प्रेस प्रतिनिधियों को सम्बोधित करते हुए बताया कि मुख्यमंत्री ने महिला सुरक्षा सम्मान एवं स्वावलम्बन योजना ‘मिशन शक्ति‘ अभियान का शुभारम्भ जनपद बलरामपुर से किया। यह अभियान वर्तमान में विजय दशमी तक चलाया जायेगा, जिसे विभिन्न रूपों में आगे फरवरी 2021 तक चलाया जायेगा। मिशन शक्ति में महिलाओं और बालिकाओं के सुरक्षा, सम्मान व उनके स्वावलम्बन के विभिन्न योजनाओं के संबंध में जागरूकता के कार्यक्रम चलायें जायेेंगे।
अपर मुख्य सचिव सूचना नवनीत सहगल ने बताया कि प्रदेश में कोरोना संक्रमण की दर घट रही है तथा रिकवरी रेट बढ़ रहा है। उन्होंने कहा कि कई देशों में यह तथ्य सामने आ रहे हैं कि संक्रमण घटने के बाद पुनः बढ़ गए हैं। ऐसी स्थिति प्रदेश में न आए इसके लिए और अधिक सर्तक एवं सावधान रहने की आवश्यकता है। रोजगार के नये-नये अवसर पैदा हों इस दिशा में सरकार प्रयास कर रही है। गत दिवस मुख्यमंत्री जी ने 31000 नवनियुक्त शिक्षकों को नियुक्ति पत्र वितरित किये हैं।
अपर मुख्य सचिव सूचना नवनीत सहगल ने बताया कि प्रदेश में औद्योगिक गतिविधियां तेजी से संचालित हो रही है। एमएसएमई इकाईयों के माध्यम से भी रोजगार सृजन की प्रक्रिया चल रही है। उन्होंने बताया कि प्रदेश में पहले से संचालित 4.35 लाख इकाईयों को आत्मनिर्भर पैकेज के अन्तर्गत रू0 10,727 करोड के ऋण स्वीेकृत कर वितरित किये गये हैं। आत्मनिर्भर उत्तर प्रदेश रोजगार/स्वरोजगार सृजन अभियान में इस वित्तीय वर्ष में 14 मई से आजतक 5.40 लाख नई एमएसएमई इकाईयों को रू0 15,246 करोड़ के ऋण वितरण किया गया है। इससे प्रदेश में 20 लाख नये रोजगार पैदा हुए हैं। सरकार का इस वर्ष 20 लाख एमएसएमई इकाईयों को ऋण देने का लक्ष्य है, जिसके माध्यम से लगभग 80 लाख रोजगार के अवसर पैदा किये जा सकेंगे।
अपर मुख्य सचिव सूचना नवनीत सहगल ने बताया कि प्रदेश में वर्तमान में 4000 धान क्रय केन्द्र स्थापित हैं, जो पिछले साल इस अवधि में स्थापित क्रय केन्द्रों से 1000 क्रय केन्द्र अधिक हैं। अब तक प्रदेश में 75,779.73 मी0 टन धान की खरीद सुनिश्चित की जा चुकी है। जबकि गत वर्ष इस अवधि में धान की खरीद 6802.98 मी0टन की गयी थी। उन्होंने बताया कि प्रदेश में कन्टेनमेंट जोन व हाॅटस्पाॅट जोन में लगातार गिरावट आ रही है। वर्तमान मे प्रदेश में 13,005 हाॅटस्पाॅट एरिया तथा 12,976 कन्टेनमेंट जोन है।
प्रदेश के अपर मुख्य सचिव चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अमित मोहन प्रसाद ने कहा कि प्रदेश में कल एक दिन में कुल 1,62,471 सैम्पल की जांच की गयी। प्रदेश में अब तक कुल 1,28,41,878 सैम्पल की जांच की गयी है। उन्होंने बताया कि प्रदेश में पिछले 24 घंटे में कोरोना सेे संक्रमित 2880 नये मामले आये हैं। प्रदेश में पिछले 24 घंटे में 3528 व्यक्ति उपचारित होकर डिस्चार्ज किये गये हैं। अब तक कुल 4,11,611 लोग पूर्णतया उपचारित होकर डिस्चार्ज किये गये। प्रदेश में रिकवरी का प्रतिशत अब बढ़कर 90.93 प्रतिशत हो गया है। प्रदेश में 34,420 कोरोना के एक्टिव मामले हैं। होम आइसोलेशन में 15,831 लोग हैं। उन्होंने बताया कि अब तक कुल 2,51,519 लोग होम आइसोलेशन की सुविधा प्राप्त करते हुए 2,35,688 लोगों ने अपने होम आइसोलेशन की अवधि पूर्ण कर ली है।
अपर मुख्य सचिव चिकित्सा एवं स्वास्थ्य ने बताया कि प्रदेश में सर्विलांस टीम के माध्यम से 1,42,139 क्षेत्रों में 4,22,827 टीम दिवस के माध्यम से 2,72,57,478 घरों के 13,44,09,734 जनसंख्या का सर्वेक्षण किया गया है। उन्होंने बताया कि चिकित्सकीय उपचार के लिए ई-संजीवनी पोर्टल शुरू किया गया है। ई-संजीवनी के माध्यम से 2717 लोगों ने चिकित्सकीय परामर्श लिया। अब तक कुल 1,45,207 लोगों ने ई-संजीवनी पोर्टल पर चिकित्सकीय परामर्श लिया। जनपद मेरठ, जालौन, रायबरेली, प्रयागराज एवं बहराइच के लोगों ने ई-संजीवनी पोर्टल का उपयोग सबसे ज्यादा किया।
अपर मुख्य सचिव चिकित्सा एवं स्वास्थ्य ने बताया कि अक्टूबर माह में संचारी रोग अभियान चलाया जा रहा है, इसके तहत इन्फेक्शन डिजीज एवं वेक्टर जनित रोगों की रोकथाम के लिए अन्तरविभागीय समन्वय से कार्य किया जा रहा है। इसके पहले पखवाड़े 01 अक्टूबर से 15 अक्टूबर तक दस्तक अभियान चलाया गया जिसमें आशा वर्कर एवं आंगनबाड़ी कार्यकत्री घर-घर जाकर लोगों को कोविड एवं अन्य बीमारियों के बारे में जागरूक किया। इस दौरान आशा एवं आंगनबाड़ी द्वारा लाॅकडाउन के कारण टीकाकरण से छूटे एक साल से कम उम्र के बच्चों एवं गर्भवती महिलाओं की सूची भी बनायी गयी। बनायी गई सूची के अनुसार लगभग 3.25 लाख बच्चों के टीकाकरण एवं लगभग 4 लाख महिलाओं के टिटनेश एवं डिप्थीरिया के टीकाकरण छूट गये हैं। उन्होंने बताया कि नवम्बर महीने से एक अभियान चलाया जायेगा, जिसमें इन छूटे हुए गर्भवती महिलाओं एवं बच्चों का टीकाकरण कराया जायेगा। इस अभियान के तहत रूटीन में हो रहे टीकाकरण के अतिरिक्त प्रत्येक सप्ताह में एक दिन और टीकाकरण का कार्य किया जायेगा।








