मुख्यमंत्री और मंत्री निर्मला सीतारमण ने गोरखपुर में नवनिर्मित प्रत्यक्ष कर भवन का लोकार्पण किया

उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और केन्द्रीय वित्त एवं कॉर्पोरेट कार्य मंत्री निर्मला सीतारमण ने आज गोरखपुर में नवनिर्मित प्रत्यक्ष कर भवन का लोकार्पण किया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री एवं केन्द्रीय वित्त मंत्री ने परिषदीय विद्यालय की कक्षा 07 एवं 08 के बच्चों को चन्द्रयान-3 का मॉडल वितरित किया।


इस अवसर पर आयोजित कार्यक्रम को सम्बोधित करते हुए केन्द्रीय वित्त मंत्री ने कहा कि यह उनका प्रथम गोरखपुर भ्रमण है। यह शहर विकास के कारण बहुत ही खूबसूरत है। पूर्वी उत्तर प्रदेश के विकास में यह प्रत्यक्ष कर भवन सदैव प्रतिबद्ध रहेगा। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में हम जिस कार्य का शिलान्यास करते हैं, उसका उद्घाटन भी करते हैं। यह प्रत्यक्ष कर भवन इसका उदाहरण है। अब परियोजनाओं के समय पर पूरा होने की प्रधानमंत्री की गारण्टी है। इस गारण्टी को पूर्वी उत्तर प्रदेश के कुछ उदाहरणों के माध्यम से समझा जा सकता है। गोरखपुर में प्रधानमंत्री द्वारा फर्टिलाइजर कारखाने का पुनः संचालन, एम्स का निर्माण, आई0सी0एम0आर0 गोरखपुर की स्थापना तथा सरयू नहर राष्ट्रीय परियोजना के पूर्ण किए जाने के कार्यों से यह समझा जा सकता है।

केन्द्रीय वित्त मंत्री ने कहा कि सरयू नहर परियोजना का लाभ 14 लाख हेक्टेयर भूमि को मिल रहा है। पूर्वी उत्तर प्रदेश के 09 जनपदों बहराइच, श्रावस्ती, बलरामपुर, गोण्डा, सिद्धार्थनगर, बस्ती, संतकबीरनगर, गोरखपुर तथा महराजगंज के 6200 गांवो के 29 लाख किसान इससे लाभान्वित हो रहे हैं। इन जनपदों को सरयू नहर राष्ट्रीय परियोजना से सिंचाई की सुविधा प्राप्त हुई है। यह प्रोजेक्ट वर्ष 1978 से लम्बित था, जिसे प्रधानमंत्री जी ने वर्ष 2021 में पूर्ण किया।

केन्द्रीय वित्त मंत्री ने कहा कि पूर्वी उत्तर प्रदेश में जितने भी प्रोजेक्ट शुरू हुए हैं, उनमें प्रधानमंत्री के साथ ही, प्रदेश के डायनमिक मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी का भी योगदान है। उत्तर प्रदेश में 75 जनपद हैं। 01 वर्ष में 52 सप्ताह होते हैं। मुख्यमंत्री 01 वर्ष में हर जनपद में कम से कम एक बार और कई जनपदों में 02 बार भी जाते हैं। सभी 75 जनपदों में कम से कम एक बार जाने वाले मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी हैं। मुख्यमंत्री प्रदेश के सभी जनपदों में यात्रा कर विकास कार्यो की निगरानी करते हैं, इसलिए ये एक गतिशील (डायनमिक) मुख्यमंत्री है। लखनऊ में इनका अप्वाइंटमेण्ट मिलना मुश्किल है। मुख्यमंत्री प्रत्येक जनपद को मुख्यालय मानकर डायनमिक तरीके से निरन्तर गतिशील रहते हुए उत्तर प्रदेश जैसे बड़े राज्य का शासन चला रहे हैं।

केन्द्रीय वित्त मंत्री ने कहा कि राजस्व संग्रह में सी0बी0डी0टी0 एवं राजस्व विभाग दक्ष तकनीक का प्रयोग कर प्रत्यक्ष कर संग्रह लगातार बढ़ा रहे है। इससे विकास कार्यों के लिए पैसा मिल रहा है। अद्यतन आंकड़ों के अनुसार ग्रॉस इनकम टैक्स 16.77 प्रतिशत बढ़ा है। इसमें लोगों को समय से रिफण्ड भी मिल रहा है। 01 अप्रैल, 2023 से 10 जनवरी, 2024 तक वित्तीय वर्ष पूरा होने के 02 माह पहले ही 2.48 लाख करोड़ रुपये का रिफण्ड किया जा चुका है। इस वर्ष पूंजीगत निवेश में 433 प्रतिशत की बढ़ोत्तरी की गयी है। पूंजीगत व्यय 11.11 लाख करोड़ रुपये हुआ है। यह इसलिए सम्भव हुआ, क्योंकि कर संग्रह अच्छा रहा है।

केन्द्रीय वित्त मंत्री ने कहा कि इस वर्ष के अंतरिम बजट में एक छोटा कदम उठाया गया है, जिसका लाभ 01 करोड़ छोटे एवं मध्यम कर दाताओं को मिलेगा। शिकायत प्रणाली को भी फेसलेस माध्यम द्वारा सरल बनाया गया है। अब आयकरदाताओं को व्यक्तिगत रूप से अधिकारियों के सामने आने की आवश्यकता नहीं है। इस कारण शिकायत 60 प्रतिशत कम हुई है। इसका संकेत यह है कि लोगों के पास दबाव नहीं है और वे बिना भय के अपना कार्य कर रहे है। टैक्स मूल्यांकन प्रक्रिया का समय भी कम हो गया है। वर्ष 2047 तक विकसित भारत के संकल्प को पूरा करने के लिए हम सबके साथ, प्रत्येक टैक्स पेयर, प्रत्येक व्यक्ति अपनी जिम्मेदारी के साथ सहयोग करते हुए राष्ट्र निर्माण में अपना योगदान देगा।

उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कार्यक्रम को सम्बोधित करते हुए कहा कि आयकर विभाग के पूर्वी उत्तर प्रदेश के इस कार्यालय के लोकार्पण के अवसर पर केन्द्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण का पहली बार गोरखपुर में आगमन हुआ है। यह उत्तर प्रदेश का पूर्वी क्षेत्र है। प्राचीन काल से ही यह प्रदेश की आध्यात्मिक व सांस्कृतिक धरा के रूप में विख्यात है। गोरखपुर महायोगी गुरु गोरक्षनाथ की पावन साधना स्थली है। यहां से 90 कि0मी0 की दूरी पर भगवान बुद्ध की पावन जन्म भूमि व 50 कि0मी0 की दूरी पर उनकी परिनिर्वाण स्थली कुशीनगर है। गोरखपुर से 25 कि0मी0 की दूरी पर संतकबीर की निर्वाण स्थली मगहर है। गोरखपुर से 150 कि0मी0 दूरी पर प्रभु श्रीरामलला की जन्म भूमि अयोध्या धाम है। यहां से 200 कि0मी0 की दूरी पर बाबा विश्वनाथ की पावन नगरी काशी है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि देश के विकास की धुरी केन्द्रीय वित्त मंत्रालय होता है। वित्त मंत्री जी जब देश की रक्षा मंत्री के रूप में अपने दायित्व का निर्वहन कर रही थीं, तब उन्होंने प्रधानमंत्री जी के मार्गदर्शन में देश में घोषित 02 डिफेंस मैन्युफैक्चरिंग कॉरिडोर में से 01 उत्तर प्रदेश को दिया था। प्रदेश में डिफेंस मैन्युफैक्चरिंग कॉरिडोर के 06 नोड विकसित हो रहे है। इसमें बड़ी मात्रा में निवेश भी आया है। इसके माध्यम से सुरक्षा क्षेत्र में भारत की आत्मनिर्भरता के लक्ष्य को प्राप्त करने में प्रधानमंत्री जी के विजन को प्रभावी ढंग से आगे बढ़ाने में मदद मिल रही है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि गंगा एक्सप्रेस-वे पश्चिमी उत्तर प्रदेश को पूर्वी उत्तर प्रदेश से जोड़ने का एक महत्वपूर्ण एक्सप्रेस-वे है। लगभग 600 कि0मी0 लम्बे इस एक्सप्रेस-वे में निवेश के लिए वित्त मंत्री ने बैंको को बहुत प्रेरित किया। प्रयागराज में आगामी महाकुम्भ से पहले गंगा एक्सप्रेस-वे को राष्ट्र को सर्म्पित करने के लिए तेजी से कार्य किया जा रहा है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि भारत आज दुनिया की तेजी से उभरती हुई अर्थव्यवस्था है। किसी देश के लिए इससे अच्छा अवसर क्या हो सकता है, जब देश अपनी आजादी का अमृत महोत्सव मना रहा हो, तब वह उस देश को पीछे छोड़ रहा है, जिसने उस पर 200 वर्ष शासन किया था। ब्रिटेन विश्व की पांचवीं बड़ी अर्थव्यवस्था था, जिसे पछाड़ कर भारत विश्व की पांचवी बड़ी अर्थव्यवस्था बन गया है। सभी को पूर्ण विश्वास है कि प्रधानमंत्री जी के तीसरे कार्यकाल में भारत विश्व की तीसरी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बनेगा।

मुख्यमंत्री ने कहा कि देश में आयकर विभाग द्वारा कर दाताओं के लिए सात हब बनाये जा रहे है। इनमें से एक गोरखपुर में बनाया जा रहा है। इनके द्वारा टैक्स दाताओं की किसी भी समस्या को दूर करने के लिए कार्य किया जायेगा। प्रधानमंत्री जी के मार्गदर्शन में आज उत्तर प्रदेश देश में तेजी से उभरती हुई अर्थव्यवस्था के रूप में आगे बढ़ा है। विगत सात वर्षो में उत्तर प्रदेश ने अपनी जी0डी0पी0 को दोगुना करने के साथ ही, प्रति व्यक्ति आय को भी दोगुना करने में सफलता प्राप्त की है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि आज देश का अच्छा इन्फ्रास्ट्रक्चर उत्तर प्रदेश में मौजूद है। आर0बी0आई0 की रिपोर्ट के अनुसार निवेश में बैंको का सर्वाधिक योगदान देश में उत्तर प्रदेश को मिला है। आज राज्य में बिजनेस बढ़ रहा है। प्रदेश का सी0डी0 रेशियो 44 फीसदी से बढ़कर 60 फीसदी के करीब पहुंच चुका है। अगले वित्तीय वर्ष में इसे 65 फीसदी करने का लक्ष्य तय किया गया है। उत्तर प्रदेश में आयकर रिटर्न भरने वालों की संख्या भी बढ़ी है। वर्ष 2014 में प्रदेश में 01 लाख 45 हजार लोग आई0टी0आर0 भरते थे, आज यह संख्या बढ़कर 12 लाख से अधिक हो चुकी है। यह होना भी चाहिए, यह राष्ट्रीय कार्य है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि आयकर का पैसा ईमानदारी के साथ सरकार के पास जमा होना चाहिए। सरकार इसको और सरल बनाने के लिए कार्य कर रही है। जिससे टैक्स पेयर को भी सुविधा हो तथा उससे प्राप्त पैसा देश के विकास में लग सके। समन्वय व संवाद से इन कार्यक्रमों को आगे बढ़ाना होगा। तभी देश तेजी के साथ दुनिया की बड़ी अर्थव्यवस्था के रूप में आगे बढ़ सकता है। प्रधानमंत्री ने वर्ष 2047 तक भारत को विकसित बनाने के लक्ष्य का आह्वान किया है। विकसित भारत के निर्माण में सबसे बड़ी भूमिका नागरिक कर्तव्यों की है। प्रत्येक नागरिक अपने कर्तव्यों का ईमानदारी से पालन करते हुए देश व समाज के लिए योगदान करे। एक नागरिक करदाता, व्यापारी, अधिवक्ता सहित अन्य क्षेत्रों में अपने कार्यों द्वारा योगदान दे सकता है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि आज प्रदेश में बैंको के साथ लोगों को सहभागी बनाकर इस कार्यक्रम को बढ़ाया जा रहा है। आज बैंक प्रत्येक नौजवान के सहयोग के लिए तत्पर रहता है। वित्तीय समावेशन ने आज प्रत्येक नागरिक के जीवन में परिवर्तन लाने का कार्य किया है। जनधन योजना, अटल पेंशन योजना, जीवन ज्योति बीमा योजना, सुरक्षा बीमा योजना, प्रधानमंत्री मुद्रा योजना तथा स्वनिधि योजना आदि ने वित्तीय समावेशन में क्रान्तिकारी योगदान दिया है। आज एक स्ट्रीट वेण्डर को भी प्रधानमंत्री स्वनिधि योजना से स्वावलम्बी बनाया जा रहा है। बी0सी0 सखी के माध्यम से गांव-गांव में बैंकिंग सेवाएं प्रदान करने में मदद मिली है। भारत सरकार और वित्त मंत्रालय का सकारात्मक सहयोग प्रदेश शासन को प्राप्त हुआ है, जिससे उत्तर प्रदेश देश की अर्थव्यवस्था के रूप में उभरते हुए आगे बढ़ा है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि दो दिन पूर्व प्रधानमंत्री ने प्रदेश की राजधानी लखनऊ में ग्राउण्ड ब्रेकिंग सेरेमनी में शामिल होकर उत्तर प्रदेश के विकास को नई ऊंचाई प्रदान की है। निवेशकां में सुरक्षा के बेहतरीन वातावरण के कारण उनका उत्तर प्रदेश में विश्वास बना है। आज उत्तर प्रदेश दंगा मुक्त प्रदेश है। प्रदेश में बेहतरीन कानून व्यवस्था है। उत्तर प्रदेश में पर्यटकों की संख्या में काफी वृद्धि हुयी है।

अयोध्या में श्रीरामलला की प्राण-प्रतिष्ठा सम्पन्न होने के एक माह की अवधि में 62 से 65 लाख श्रद्धालु आए हैं। इनके आगमन से वहां व्यापार बढ़ा है। आज वहां व्यवसाय 30 से 50 गुना तक बढ़ गया है। टैक्सी सेवा भी खूब आय दे रही है। प्रधानमंत्री के प्रयासों का परिणाम हम सबके सामने है। आस्था के साथ आजीविका इसी को कहते हैं। जब अयोध्या की सड़कों को चौड़ा किया जा रहा था, उस समय लोग विरोध कर रहे थे। सरकार लोगों को मुआवजा दे रही थी, उनका पुनर्वास कर रही थी, लेकिन लोगों को विश्वास नहीं हो रहा था। तब हमने कहा था कि हम प्रभु श्रीराम को अपना आदर्श मानते हैं। हमारा मानना है कि ‘रघु कुल रीत सदा चली आई, प्राण जाए पर वचन न जाई।’ सभी प्रभावित लोगों का पुनर्वास किया गया।

मुख्यमंत्री ने कहा कि टैक्स पेयर को स्वतः स्फूर्त भाव से टैक्स देने के लिए कार्य करना होगा। यह हमारा नागरिक दायित्व है। यह हमारा राष्ट्रीय कर्तव्य है कि हम टैक्स दें। इससे देश का विकास होगा तथा इन्फ्रास्ट्रक्चर अच्छा होगा। उत्तर प्रदेश में यदि टैक्स का पैसा न मिलता तो यहां इतनी अच्छी अवसंरचना, एयरपोर्ट, एक्सप्रेस-वे के कार्य न हो पाते। आज इस पैसे के कारण प्रदेश के प्रत्येक जनपद में विकास कार्य हो रहे हैं। मुख्यमंत्री जी ने विश्वास व्यक्त किया कि इस प्रत्यक्ष कर भवन के निर्माण के बाद यह भवन आयकर एवं आयकरदाताओं की समस्त गतिविधियों को आगे बढ़ाने का कार्य करेगा।

कार्यक्रम को सम्बोधित करते हुए केन्द्रीय वित्त राज्य मंत्री पंकज चौधरी ने कहा कि वर्ष 2014 के बाद से देश में बहुत परिवर्तन आया है। इसका श्रेय प्रधानमंत्री को जाता है। आज भारत की सोच में बदलाव आया है। अनाज, पानी, घर, शौचालय, स्वास्थ्य की सुविधाओं में व्यापक परिवर्तन लाने का कार्य किया गया है। भारत विश्व की पांचवी बड़ी अर्थव्यवस्था बना है। आज हम आत्मनिर्भरता की बात करते हैं, यह पहले नहीं होती थी। आज विकसित भारत के लिए देश में तेजी से कार्य किया जा रहा है। परिवर्तन के कारणों में केन्द्रीय वित्त मंत्री का भी अमूल्य योगदान है। कोविड काल में भी प्रधानमंत्री के नेतृत्व में केन्द्रीय वित्त मंत्री ने भारतीय अर्थव्यवस्था को अच्छे ढंग से संभाला। एक साल के भीतर ही भारत ने वी-शेप की तरह अर्थव्यवस्था में फिर से ऊपर उठकर विश्व की अग्रणी अर्थव्यवस्थाओं में स्थान बनाया है। टैक्स का बोझ भी कम किया गया। आज 07 लाख रुपये तक की आय कर से मुक्त है। सरकार कर्मचारियों का भी लगातार ध्यान रख रही है।

केन्द्रीय वित्त राज्य मंत्री ने कहा कि कोविड के बावजूद डिजिटल ट्रान्जेक्शन में भारत आज दुनिया में नम्बर एक पर है। प्रधानमंत्री जी ने वर्ष 2047 तक तीसरी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बनाने का लक्ष्य रखा है, जो पूर्ण होगा। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी ने उत्तर प्रदेश का चेहरा बदला है। उत्तर प्रदेश को पहले बीमारू राज्य समझा जाता था। दंगा प्रदेश के रूप में जाना जाता था। प्रदेश में कोई भी निवेश को तैयार नहीं होता था। मुख्यमंत्री ने इस प्रदेश को बीमारू राज्य की श्रेणी से उठाकर कई क्षेत्रों में इसे देश में नम्बर एक बनाया है। खाद्यान्न उत्पादन, गन्ना उत्पादन, दूध उत्पादन तथा एक्सप्रेस-वे की लम्बाई में आज उत्तर प्रदेश भारत में प्रथम स्थान पर है। डिजिटल ट्रान्जेक्शन में भी उत्तर प्रदेश नम्बर एक है। 40 लाख करोड़ रुपये से ज्यादा के निवेश उत्तर प्रदेश में हुए है। हाल ही में प्रधानमंत्री ने 10 लाख करोड़ रुपये की परियोजनाओं का उद्घाटन भी किया है।

इस अवसर पर सी0बी0डी0टी0 के चेयरमैन नितिन गुप्ता ने सभी का स्वागत किया। कार्यक्रम में उत्तर प्रदेश के कृषि मंत्री सूर्य प्रताप शाही, सांसद रवि किशन शुक्ल, कमलेश पासवान, सी0बी0डी0टी0 सदस्य प्रज्ञा सहाय सक्सेना, प्रधान आयकर आयुक्त पूर्वी देवेन्द्र सिंह चौधरी एवं वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारीगण उपस्थित रहे।

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